जय श्री राम, आप सबका Krishna Quotes के लेख पर स्वागत है।
भगवान श्रीकृष्ण जीवन का एक सार है और जिसने इनके सार को समझ लिया वो इंसान इस जीवन को अच्छे से समझ सकता है और उनके वचन सदियों से मानव जाति के लिए प्रेरणा का स्रोत रहे हैं। भगवान श्री कृष्ण ने अपनी पूरी ज़िन्दगी में जीवन, कर्म, प्रेम, और भक्ति का अनमोल संदेश दिया है जो हर इंसान को उनके मार्ग पर ले जाने के लिए अच्छा सिद्ध साबित हुआ। इस लेख में हम Lord Krishna Quotes In Hindi के कुछ अनमोल वचनों के विस्तार को समझेंगे और जानेंगे कि कैसे इन वचनो को हम अपनी ज़िन्दगी में फॉलो करेंगे।
Table of Contents
कर्म पर श्रीकृष्ण के विचार (Karma Quotes of Lord Krishna Quotes in Hindi)
श्रीकृष्ण जी के विचार अनुसार आपका कर्म ही आपके जीवन का दृष्टिकोण है कर्म का संदेश आपके लिए ये होता है की आप अपना कर्म करते रहे फल के परिणाम की चिंता न करें । खुद पर अपना अटूट विश्वास रखें ताकि कोई आपको छोटा न महसूस करवाए।
मेहनत इतनी सच्ची रख कि एक दिन किस्मत खुद बोले—
“भाई, ये जीत पूरी तरह तेरी है।”
जो हर वक़्त रिज़ल्ट गिनता रहता है, उसका काम उलझ जाता है।
और जो काम में डूब जाता है, उसका रिज़ल्ट खुद बोलने लगता है।
लोगों को प्लान मत सुनाओ,
चुपचाप मेहनत करो और ऐसा काम दिखाओ कि सब पूछें—ये किया कैसे?
लालच से किया गया काम सिर पर बोझ बनता है,
और निस्वार्थ मेहनत दिल को सुकून दे जाती है।
मानदारी का रास्ता थोड़ा लंबा जरूर लगता है,
पर जो मंज़िल मिलती है… वो दूसरों को सिर्फ सपने में दिखती है।
Download Imageकिस्मत के दरवाज़े चाबियों से नहीं खुलते,
वो तो मेहनत के पसीने से जंग खाकर खुलते हैं।
आज का टालमटोल, कल का पछतावा बनता है।
उठो, लग जाओ—वक़्त किसी का इंतज़ार नहीं करता।
ज़िंदगी में वही वापस मिलता है जो तुम बोते हो,
अब चाहे मेहनत बोओ या नफरत—फैसला तुम्हारा है।
वही काम चुनो जिससे मन खुश हो जाए,
दुनिया तो वैसे भी हर रोज़ अपनी राय बदलती रहती है।
कृष्ण की सीख साफ है—
सही काम करो, आसान वाला नहीं…
आसान रास्ते बस भीड़ तक ले जाते हैं।
भक्ति पर श्रीकृष्ण के प्रेरणादायक उद्धरण (Bhakti Quotes in Hindi)
श्रीकृष्ण द्वारा भक्ति सिर्फ पूजा पाढ़ का नाम ही नहीं है बल्कि दिल से उनकी आराधना करना है किसी भी चीज़ को करने से के लिए दिखावे की जरूरत नहीं है बल्कि साफ़ मन की जरूरत है।आपकी की गयी भक्ति आपके मन के अहंकार को खत्म कर देती है।
दिखावे की भीड़ में नाम लिखवाने से बेहतर है,
अकेले बैठकर उसे याद कर लेना—
कृष्ण शोर नहीं, दिल की आवाज़ सुनता है।
भक्ति मतलब झुक जाना नहीं,
भक्ति मतलब अपने मालिक पर पूरा यक़ीन।
जब कृष्ण साथ हों, तो डर टिक ही नहीं पाता।
मांगने की आदत छोड़ो,
सब कुछ सौंपना सीखो।
जो मांग कर मिले वो सौदा है,
और जो बिना मांगे मिले—वही कृपा है।
भक्ति वो ताक़त है,
जो टूटते इंसान के चेहरे पर भी
एक हल्की सी मुस्कान जगा देती है।
मथुरा या काशी जाने से पहले,
अपने मन का कचरा साफ कर लो।
कृष्ण वहीं मिलेंगे—जहाँ मन सच्चा होगा।
Download Imageजब दुनिया एक-एक करके हाथ छोड़ दे,
तब समझ लेना—
अब कृष्ण ने खुद तुम्हारा हाथ थाम लिया है।
भक्ति कोई वक़्त देखकर निभाने वाली चीज़ नहीं,
ये तो हर सांस में
कृष्ण को महसूस करने का नाम है।
सच्चा भक्त वो नहीं जो बस मांगता रहे,
सच्चा भक्त वो है
जो हर हाल में “शुक्रिया” कहना जानता है।
दिमाग से याद करोगे तो सवाल बढ़ेंगे,
दिल से याद करोगे
तो कृष्ण का प्रेम खुद रास्ता बना देगा।
भरोसा इतना रखो कि अगर कृष्ण ने तुम्हें आग में उतारा है,
तो जलाने के लिए नहीं—
तुम्हें और मजबूत, और निखारने के लिए है।
जीवन के सत्य पर श्रीकृष्ण के कोट्स (Life Truth Quotes by Lord Krishna)
श्रीकृष्ण जी का कहना था जीवन बहुत ही अनमोल है ।जीवन की राह हमेशा सत्य की राह होनी चाहिए ।आपकी ज़िंदगी में वक़्त के साथ जो भी बदलव होते है उन्हें हमे ख़ुशी खुशी अपनाने चाहिए तभी हमारा जीवन सरल बनता है।
दुनिया हालचाल तो पूछ लेती है,
पर कंधा कोई नहीं देता।
अकेले चलना सीख लो,
तुम्हारा असली सारथी तुम्हारे भीतर ही बैठा है।
यहाँ हर चेहरे पर कोई न कोई नक़ाब है,
भरोसा उसी पर करो
जो तुम्हारी ख़ामोशी तक समझ ले।
जिसके पीछे आज आँख बंद करके भाग रहे हो,
कल वही तुम्हें तोड़ सकता है।
मोह छोड़ो, सच का हाथ थामो।
वक़्त से बड़ा कोई खिलाड़ी नहीं।
आज अगर अंधेरा है,
तो सुबह भी तय है—
बस धीरज मत छोड़ो।
इंसान की पहचान उसकी तिजोरी से नहीं होती,
पहचान उस सुकून से होती है
जो उसकी मौजूदगी से दूसरों को मिलता है।
दुनिया एक पड़ाव है,
यहाँ कोई हमेशा के लिए नहीं ठहरता।
मुसाफ़िर बनकर जियो,
मालिक बनने का भ्रम मत पालो।
Download Imageबदलाव ही इस संसार की सच्ची रीत है।
जो आज तुम्हारा है,
कल किसी और का था
और कल किसी और का हो जाएगा।
जब अहंकार सिर चढ़ने लगे,
समझ लेना गिरावट पास है।
मिट्टी से आए हो,
आख़िर मिट्टी में ही मिल जाना है।
जो रिश्ते दिल से न जुड़े हों,
वो धीरे-धीरे बोझ बन जाते हैं।
नाम के रिश्तों से बेहतर है,
कृष्ण से दिल का रिश्ता जोड़ लेना।
ज़िंदगी का सबसे बड़ा सच है—मृत्यु,
और सबसे बड़ा धोखा है—“मैं”।
इस “मैं” को छोड़ दो,
ज़िंदगी अपने आप हल्की हो जाएगी।
मन और आत्मा पर श्रीकृष्ण के विचार (Mind & Soul Quotes in Hindi)
मन और आत्मा का मिलान बहुत ही सुन्दर मिलन है मन ही हमारा दोस्त होता है और मन ही हमारा दुश्मन होता है हम जैसा सोचते है हमारा मन फिर वही करने को मजबूर करता है और आत्मा हमारी बहुत पवित्र होती है वो भावना के साथ जुड़ी होती है।
मन अगर भटक गया तो सबसे पहले वही गिराता है,
इसलिए उसे संभालना सबसे ज़रूरी काम है।
ये शरीर तो बस कुछ समय का ठिकाना है,
असली पहचान उस आत्मा की है जो इसके अंदर रहती है।
मन अशांत हो तो सब कुछ होते हुए भी खाली लगता है,
और मन शांत हो तो सादगी में भी सुख मिल जाता है।
जब आत्मा न कटती है, न जलती है,
तो इस नाशवान शरीर के लिए इतना डर क्यों?
इंसान का सबसे बड़ा दुश्मन कोई और नहीं,
उसका खुद का भटका हुआ मन होता है।
Download Imageबाहर सुकून ढूँढते रहोगे तो थक जाओगे,
असल शांति अंदर के सन्नाटे में ही मिलती है।
मन को काबू में लाना आसान नहीं है,
लेकिन लगातार कोशिश से नामुमकिन भी नहीं।
ज़्यादातर लोग शरीर को सँवारने में उम्र गुज़ार देते हैं,
काश थोड़ा वक्त आत्मा को समझने में भी लगाते।
जिसने अपने मन पर जीत पा ली,
उसके लिए दुनिया की लड़ाइयाँ छोटी हो जाती हैं।
आत्मा अमर है, इसलिए खोने का डर छोड़ दो,
जो सच में अपना है, वो कभी जाता नहीं।
प्रेम पर श्रीकृष्ण के कोट्स (Love Quotes of Lord Krishna in Hindi)
श्रीकृष्ण जी के विचार प्रेम के लिए बहुत ही स्पष्ट है प्रेम अधिकार नहीं बल्कि त्याग है आत्म विश्वास है बिना किसी अपेक्षा के जब किसी को मन से चाहते है तो वह आपका सच्चा प्रेम होता है।
प्रेम पाने की चाह नहीं है,
प्रेम तो अपने आप को किसी के लिए पीछे रख देना है।
जहाँ शर्तें शुरू होती हैं,
वहाँ प्रेम खत्म हो जाता है।
अगर किसी से सच में प्रेम है,
तो उसे बाँधो मत।
जो लौटकर आए, वही अपना है,
और जो न आए—वो कभी था ही नहीं।
प्रेम में “मैं” और “तू” नहीं चलता,
प्रेम “हम” से सांस लेता है।
जैसे ही अहंकार आया,
प्रेम चुपचाप दूर हो जाता है।
राधा का प्रेम अधूरा दिखता है,
पर असल में वही सबसे पूरा है।
क्योंकि प्रेम शरीर से नहीं,
आत्मा से जुड़ता है।
सच्चा प्रेम वो है
जो तुम्हें खुद से मिलवाए,
ना कि वो
जो तुम्हें खुद से गिरा दे।
Download Imageदुनिया कहती है “I love you”,
और कृष्ण सिखाते हैं—
हर हाल में साथ रहना ही असली प्रेम है।
प्रेम भरोसे से शुरू होता है
और समर्पण पर आकर ठहरता है।
इसके बीच जो उलझन है,
वो प्रेम नहीं—दुनियादारी है।
किसी को चाह लेना आसान है,
पर उसकी चाहत बनकर
उसका मान रखना—
वही प्रेम है।
प्रेम में दूरी मायने नहीं रखती,
अगर दिल जुड़े हों।
सबके लिए कृष्ण हैं,
पर राधा सिर्फ कृष्ण की है।
मोह बाँधता है,
प्रेम आज़ाद करता है।
अगर कोई रिश्ता तुम्हें कमजोर बना रहा है,
तो समझ लो—वो प्रेम नहीं है।
ज्ञान और बुद्धि पर श्रीकृष्ण के अनमोल वचन (Wisdom Quotes in Hindi)
ज्ञान और बुद्धि आपके जीवन को सफल बनाता है अगर आपकी बुद्धि तेज़ है तो कभी भी ज्ञान लेने से पीछे नहीं हटना चाहिए ।जीवन में जितना ज्ञान मिले उतना ही कम होता है इसलिए अपनी बुद्धि का इस्तेमाल कर के ज्ञान की प्राप्ति करनी चाहिए।
डिग्रियाँ तब तक ही काम की है, जब तक मुश्किल वक्त में सही फैसला लेने की समझ साथ हो।
असली समझदार वो नहीं जो सब जानता हो, बल्कि वो है जो जानता हो कि कब चुप रहना है।
ज्ञान का घमंड वहीं से अज्ञान शुरू करता है, जहाँ “मैं” खुद को सबसे ऊपर मानने लगता है।
किताबें पढ़ लेने से अक़्ल नहीं आती, अक़्ल तब आती है जब इंसान अपनी गलती मानना सीख ले।
बुद्धिमान वो नहीं जो दूसरों को हरा दे, बल्कि वो है जो अपने गुस्से और कमजोरियों पर काबू पा ले।
Download Imageदुनिया में सबसे बड़ी ताकत पैसा नहीं, वो समझ है जो मुसीबत में सही रास्ता दिखा दे।
शांत दिमाग ही सही फैसला करता है, उथला मन कभी दूर तक नहीं सोच पाता।
अधूरा ज्ञान सबसे खतरनाक होता है, आधा सच अक्सर पूरे झूठ से ज़्यादा नुकसान करता है।
बुद्धि का इस्तेमाल दूसरों को नीचा दिखाने में नहीं, खुद को बेहतर बनाने में होना चाहिए।
कृष्ण की सीख यही है—सच्चा ज्ञान वही है जो सिर्फ रास्ता नहीं दिखाए, अंधेरा भी कम करे।
सफलता और असफलता पर श्रीकृष्ण के विचार (Success & Failure Quotes)
सफलता और असफलता दोनों ही आपके जीवन का एक अहम हिस्सा है और दोनों का अनुभव आपको आपके जीवन का मोल समझाते है जब आपको जीवन में असफलता मिलती है और आप निचे गिरते है तो ही आपको सफलता भी समझ आती है और सफलता के पीछे भागते है।
सफलता जीतने का नाम नहीं है, हार के बाद फिर से उठ खड़े होने की हिम्मत का नाम है।
असफलता ये नहीं बताती कि तुम कमज़ोर हो, वो बस कहती है कि अभी और दम लगाना बाकी है।
जीतोगे तो दुनिया तुम्हें जानेगी, हारोगे तो तुम दुनिया को समझ जाओगे—दोनों में फायदा तुम्हारा ही है।
मंज़िल उन्हें नहीं मिलती जो सिर्फ सपने देखते हैं, मंज़िल उन्हें मिलती है जो मुश्किल में भी कोशिश नहीं छोड़ते।
सफलता का घमंड और असफलता का डर, दोनों ही समझ को कमजोर करते हैं—शांत रहो और काम करते रहो।
Download Imageकृष्ण की सीख साफ है—मैदान में हारा इंसान फिर जीत सकता है, मन से हारा इंसान कभी नहीं।
दुनिया की तालियों के लिए नहीं, खुद की नज़रों में बेहतर बनने के लिए मेहनत करो।
आज की नाकामी कल की कामयाबी की नींव होती है, ये गिरना तुम्हें मजबूत बनाने आया है।
कामयाबी अचानक नहीं मिलती, ये रोज़ के छोटे-छोटे कर्मों से बनती है जो कोई नहीं देखता।
असली विजेता वो नहीं जो कभी गिरा नहीं, असली विजेता वो है जिसने हर बार उठने से इनकार नहीं किया।
हमे श्रीकृष्ण के वचन क्यों पढ़ने चाहिये?
अगर आप श्रीकृष्ण जी के जीवन के बारे में पढ़ेंगे तो आपको समझ में आएगा की, उनका जन्म काल कोठरी में हुवा, वो एक मध्य परिवार में पले बड़े, बचपन से ही उनके पीछे शत्रु लगे हुवे थे, उनका जीवन उतना आसान नहीं था जितना लोगो को लगता है। इन सब परिस्थिति के बावजूद उन्होंने अपना धैर्य नहीं खोया बल्कि दूसरों के प्रति प्रेम और दया का भाव रखा। भगवान श्रीकृष्ण जी ने सदैव दुसरो को मार्गदर्शन प्रदान प्रदान किया।
भगवद्गीता में भगवान श्रीकृष्ण के प्रेरणादायक वचन
ये वचन जिसने अपने जीवन में अपना लिया, उसका जीवन सफल जा सकता है, बस शर्त ये है की, आपको इन वचनों को अपने जीवन में घोल कर पीना होगा।
1. कर्म योग के सिद्धांत
भगवद्गीता में भगवान श्रीकृष्ण ने कर्म योग का महत्व बताया है। उनका कहना है कि आप जीवन में कर्म करते रहिये, लेकिन फल की चिंता किए बिना। इस तरह की विचारधारा आज के समय में रख पाना बहुत मुश्किल है, तो कोशिश करिये और जीवन में बदलाव देखिये।
2. जीवन और मृत्यु के बारे में विचार
श्रीकृष्ण जी के अनुसार, “आत्मा अमर है और मृत्यु दूसरा पड़ाव है।” इस विचारधारा का संदेश ये है कि :- हमें मृत्यु का डर नहीं रखना चाहिए क्योंकि मृत्यु आनी ही आनी है, तो सिलिये जीवन को मुक्त भावना से जीना चाहिए, मतलब जितनी जिंदगी है उसे हंस खेलकर एंजॉय करके जीनी चाहिये।
श्रीकृष्ण वचन और उनका अर्थ
1. “कर्म करो, फल की चिंता मत करो”
श्री कृष्ण जी के अनुसार इस वचन का अर्थ है कि हमें अपने कर्तव्यों का पालन करना चाहिए, बिना किसी चिंता के कि इसका परिणाम क्या होगा, बिना सोचे समझे कर्म करते रहना चाहिए। इससे जीवन में शांति प्राप्त होती है।
2. “प्रेम और भक्ति से सब कुछ संभव है”
भगवान श्रीकृष्ण ने प्रेम को हर स्थान से सबसे ऊपर रखा है। उनका मानना था कि सच्चे प्रेम और भक्ति से मनुष्य हर बाधा को पार कर सकता है।
जीवन के प्रति श्रीकृष्ण के दृष्टिकोण का महत्व
जीवन के प्रति भगवान श्रीकृष्ण का ये सोचना था कि, हमें अपने जीवन को आसान और सरल व्यतीत करना चाहिए, चाहे जीवन में कितनी भी परिस्थितियाँ क्यों ना आये, पर खुद को धैर्यवान रखना चाहिए। जिससे हम आंतरिक सुख की प्राप्ति कर सकते हैं। उनके विचार हमें यह सिखाते हैं कि जीवन में कर्म करना हमारा धर्म है और अपने कर्मों का फल भगवान पर छोड़ देना चाहिए।
शांति और आंतरिक सुख का संदेश
भगवान श्रीकृष्ण के अनुसार सच्ची शांति और सुख तभी प्राप्त होता है जब हम अपने मन को नियंत्रित करते हैं और ध्यान के माध्यम से ईश्वर से जुड़ते हैं। उनके वचनों का यह हिस्सा हमें आंतरिक शांति और सुख की ओर प्रेरित करता है।
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धैर्य और साहस का महत्व
श्री कृष्ण जी के अनुसार धैर्य और साहस का जीवन में बहुत महत्वपूर्ण महत्व है। धैर्य हमें कठिन समय में शांत रहना सीखता है, जबकि साहस उन परिस्थितियों का सामना करने में शक्ति देता है। आजकल के दौर में बहुत कम ऐसे लोग है जिनमे धैर्य होगा, भाग दौड़ की जिंदगी में सभी फसे पड़े है जिस करके सब में धैर्य छुप सा गया है। धैर्य एक ऐसा साधन से जिसे रखने से इंसान सही निर्णय लेने में सक्षम रहता है। यह एक ऐसा गुण है जो बड़ी से बड़ी समस्या आने पर भी समाधान की ओर ले जाता है।
FAQ
1. श्रीकृष्ण के वचनों का जीवन में क्या महत्व है?
श्रीकृष्ण का मानना था कि, जीवन में आप धैर्य रखें और अपने कर्म करने जाए वो भी बिना किसी लालच के और फिर देखते जाए की, आपका जीवन कैसे अच्छा जाता है।
2. भगवत गीता में श्रीकृष्ण के कौन-कौन से प्रमुख वचन हैं?
भगवत गीता में कर्मयोग, ज्ञान योग, और आत्मा की अमरता के बारे में कई महत्वपूर्ण वचन हैं।
3. क्या श्रीकृष्ण के वचनों का पालन आज के समय में किया जा सकता है?
जी हाँ, श्रीकृष्ण के वचनों का पालन आज के समय में किया जा सकता है।
4. भगवान श्रीकृष्ण का प्रमुख संदेश क्या है?
फल की चिंता नहीं करनी चाहिए।










